चंदौली : बंधुआ मजदूरी और बाल श्रम के खिलाफ प्रशासन का 'जीरो टॉलरेंस'

बाल श्रम उन्मूलन जनपद समिति, जिला स्तरीय टास्क फोर्स (डी०टी०एफ०), एवं जनपद स्तरीय बंधुआ श्रम सतर्कता समिति की महत्वपूर्ण संयुक्त बैठक आयोजित की गई। 

चंदौली : बंधुआ मजदूरी और बाल श्रम के खिलाफ प्रशासन का 'जीरो टॉलरेंस'
महत्वपूर्ण संयुक्त बैठक करते डीएम चंदौली 

  • जिले को बाल श्रम और बंधुआ मजदूरी से मुक्त कराने के लिए प्रशासन सख्त
  • ढुलमुल रवैये पर भड़के जिलाधिकारी: बैठक में बिना तैयारी आए श्रम प्रवर्तन अधिकारी को लगाई कड़ी फटकार

चन्दौली: जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में बाल श्रम उन्मूलन जनपद समिति, जिला स्तरीय टास्क फोर्स (डी०टी०एफ०), एवं जनपद स्तरीय बंधुआ श्रम सतर्कता समिति की महत्वपूर्ण संयुक्त बैठक आयोजित की गई। 


बैठक की समुचित तैयारी न करके आने पर श्रम प्रवर्तन अधिकारी पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सख्त हिदायत दिया। 


बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि जनपद में बाल श्रम और बंधुआ मजदूरी जैसी सामाजिक कुप्रथाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने श्रम विभाग, पुलिस प्रशासन और बाल कल्याण समिति को समन्वय बनाकर ईंट-भट्टों, होटलों, ढाबों, और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर सघन चेकिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए। 


चंदौली : बंधुआ मजदूरी और बाल श्रम के खिलाफ प्रशासन का 'जीरो टॉलरेंस'
 बंधुआ मजदूरी और बाल श्रम के खिलाफ प्रशासन का 'जीरो टॉलरेंस'

यदि किसी भी स्थान पर बच्चों से मजदूरी कराई जा रही है, तो नियोक्ता के खिलाफ तत्काल कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए और बच्चों को वहां से रेस्क्यू कर उनके पुनर्वास की व्यवस्था की जाए। इसके साथ ही, बंधुआ श्रम सतर्कता समिति की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सुदूर ग्रामीण इलाकों और संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जाए, ताकि किसी भी व्यक्ति का आर्थिक या शारीरिक शोषण न हो सके। 


मुक्त कराए गए श्रमिकों को सरकारी योजनाओं (जैसे राशन, आवास, शिक्षा और स्वरोजगार) से जोड़कर समाज की मुख्यधारा में लाने पर भी विशेष बल दिया गया।


बैठक में जिला श्रम प्रवर्तन अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सचिन कुमार, जिला प्रोबेशन अधिकारी, पुलिस विभाग, बाल संरक्षण इकाई के प्रतिनिधि और समिति के अन्य सदस्य उपस्थित रहे।