दरअसल , यहां सावधान हटी - दुर्घटना घटी की स्थिति है, नया या पुराना फोन खरीदने से पहले आप यह चेक कर सकते हैं कि वह फोन चोरी का तो नहीं है ?
आप को जानकारी हो कि CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल भारत सरकार के दूरसंचार विभाग (DoT) द्वारा शुरू किया गया एक महत्वपूर्ण डिजिटल प्लेटफॉर्म है। इसका मुख्य उद्देश्य चोरी हुए या खोए हुए मोबाइल फोन का पता लगाना और उन्हें ब्लॉक करना है।
यहाँ इसकी कार्यप्रणाली और लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है:-
1. यह कैसे काम करता है?
प्रत्येक मोबाइल फोन का एक विशिष्ट IMEI (International Mobile Equipment Identity) नंबर होता है। जब आप CEIR पोर्टल पर अपने खोए हुए फोन की रिपोर्ट करते हैं, तो उस फोन का IMEI नंबर पूरे भारत के नेटवर्क ऑपरेटरों (जैसे Jio, Airtel, VI) के बीच 'ब्लैकलिस्ट' कर दिया जाता है। इसके बाद उस फोन में कोई भी सिम कार्ड काम नहीं करेगा।
2. मुख्य सेवाएं
फोन ब्लॉक करना (Block Stolen/Lost Mobile): यदि आपका फोन चोरी हो गया है, तो आप यहाँ शिकायत दर्ज कर उसे पूरी तरह से 'बेकार' बना सकते हैं ताकि चोर उसका इस्तेमाल न कर सके।
फोन अनब्लॉक करना (Unblock Found Mobile): यदि आपका खोया हुआ फोन वापस मिल जाता है, तो आप इसी पोर्टल के जरिए उसे दोबारा चालू (Unblock) कर सकते हैं।
स्टेटस चेक करना (Check Request Status): अपनी शिकायत की वर्तमान स्थिति जान सकते हैं।
KYM (Know Your Mobile): नया या ceir.sancharsaathi.gov.inपुराना फोन खरीदने से पहले आप यह चेक कर सकते हैं कि वह फोन चोरी का तो नहीं है।
3. फोन ब्लॉक करने के लिए क्या जरूरी है?
CEIR पोर्टल पर रिपोर्ट दर्ज करने से पहले आपके पास ये चीजें होनी चाहिए:
पुलिस FIR की कॉपी: फोन गुम होने की प्राथमिक रिपोर्ट।
IMEI नंबर: फोन के बिल या डिब्बे पर लिखा होता है।
मोबाइल बिल: फोन की खरीद का प्रमाण।
खोए हुए फोन का नंबर: उस फोन में मौजूद सिम कार्ड का नंबर (डुप्लीकेट सिम निकलवाने के बाद प्राप्त OTP के लिए)।
4. चोरी का फोन मिलने में कैसे मदद करता है?
जैसे ही कोई व्यक्ति ब्लैकलिस्ट किए गए फोन में नया सिम कार्ड डालने की कोशिश करता है, सिस्टम तुरंत पुलिस और संबंधित एजेंसी को सूचित कर देता है कि उस फोन में किस नंबर का सिम इस्तेमाल हो रहा है। इससे पुलिस के लिए फोन को ट्रैक करना आसान हो जाता है।
5. अधिकारिक वेबसाइट
आप इस सेवा का लाभ भारत सरकार की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर उठा सकते हैं:
एक व्यक्ति , पत्रकार और सोशल वर्कर के तौर पर आप एक - दूसरे की मदद कर सकते हैं लोगों को इस पोर्टल के बारे में जागरूक भी कर सकते हैं, क्योंकि ग्रामीण क्षेत्रों में जानकारी के अभाव में लोग अक्सर फोन खोने पर उम्मीद छोड़ देते हैं। लेकिन यह सही है कि इसमें पुलिस का कार्य काफी सराहनीय होता है।

